नई दिल्ली, रफ्तार डेस्क। शिवसेना (UBT) ने 4 नवंबर 2024 को मोदी सरकार पर बड़ा निशाना साधा है। शिवसेना (UBT) ने अपने मुखपत्र ‘सामना’ के संपादकीय में दावा किया है कि मोदी सरकार का पूरा ध्यान महाराष्ट्र और झारखंड में होने वाले विधानसभा के चुनाव पर बना हुआ है। लेकिन जम्मू-कश्मीर से जुड़े मुद्दों को हल करने के लिए मोदी सरकार के पास समय ही नहीं है। बता दें कि शिवसेना (UBT) की यह टिप्पणी जम्मू-कश्मीर के श्रीनगर में भीड़भाड़ वाले पिस्सू बाजार के पास CRPF बंकर पर आतंकवादियों द्वारा ग्रेनेड हमले के 1 दिन बाद आई है। मीडिया की एक रिपोर्ट के अनुसार, आतंकवादियों के इस हमले में 11 नागरिक घायल हो गए।
सरकार की J&K में हालात को स्थिर करने में बेहद कम रूचि
आतंकवादियों ने श्रीनगर में यह हमला पर्यटक स्वागत केंद्र(TRC) के पास स्थित आकाशवाणी और दूरदर्शन केंद्र परिसर के पास किया। यहां सुरक्षा के कड़े इंतजाम रहते हैं। इसके बावजूद आतंकवादी यहां पर ग्रेनेड फेंकने में सफल रहे। मीडिया की एक रिपोर्ट के अनुसार, आतंवादियों के इस हमले से 1 दिन पहले ही सुरक्षाबलों ने श्रीनगर के खानयार इलाके में लश्कर-ए-तैयबा(LeT) के एक बड़े पाकिस्तानी कमांडर को मार गिराया था। शिवसेना(UBT) के “सामना” के संपादकीय में कहा गया है कि इन घटनाओं से ऐसा लग रहा है कि मोदी सरकार जम्मू-कश्मीर में हालात को स्थिर करने में बेहद ही कम रूचि दिखा रही है।
“सरकार का पूरा ध्यान महाराष्ट्र और झारखंड चुनावों पर”
शिवसेना (UBT) ने अपने “सामना” के संपादकीय में मोदी सरकार को लेकर दावा किया है कि केंद्र सरकार जम्मू-कश्मीर में मौजूदा हालात सुधारने की जगह महाराष्ट्र और झारखंड विधानसभा चुनावों को कैसे जीता जाए, इसके लिए अधिक से अधिक बैठके कर रही है। सामना में इसको लेकर कहा गया है कि “प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह हाल में ही हुए हरियाणा और जम्मू-कश्मीर चुनाव के बाद एक बार फिर से चुनावी माहौल में खो गए हैं। उनका पूरा ध्यान महाराष्ट्र और झारखंड विधानसभा चुनावों को जीतने पर है। इससे ऐसा लगता है कि अब जम्मू-कश्मीर में चुनाव खत्म होने के बाद केंद्र सरकार का वहां के मुद्दों पर बात करने के लिए ज्यादा समय नहीं है।




